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खतरे के निशान से 6 मीटर ऊपर पहुंची चंबल नदी,80 गांवों में बजी खतरे की घंटा

Adarsh Bharat Team | Nishu Malik

Updated on : August 23, 2022


खतरे के निशान से 6 मीटर ऊपर पहुंची चंबल नदी,80 गांवों में बजी खतरे की घंटा


 राजस्थान और इससे सटे मध्यप्रदेश में हो रही भारी बारिश (Heavy rain) के कारण इन प्रदेशों की नदियां उफान पर हैं. राजस्थान के कोटा बैराज से अत्यधिक मात्रा में पानी छोड़े जाने के कारण चंबल का जलस्तर काफी बढ़ गया है और यह खतरे के निशान को पार (Chambal river crossed danger mark) कर गई है. इस जलस्तर के मंगलवार को और बढ़ने की संभावना है. इसके चलते धौलपुर जिले के 80 से अधिक गांवों पर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है. चंबल नदी में बढ़ते जल स्तर को देखते हुए जिला कलक्टर अनिल कुमार अग्रवाल ने अधिकारियों को आवश्यक राहत और बचाव संबधी तैयारियों के साथ मुस्तैद रहने के निर्देश दिए हैं.

जिला कलेक्टर ने बतया कि चंबल नदी का जल स्तर मंगलवार को सुबह आठ बजे 136.40 मीटर पहुंच चुका है. यह खतरे के निशान से 6.40 मीटर ऊपर है. धौलपुर में चंबल नदी के खतरे का निशान 130.79 मीटर है. यह दोपहर तक 140 मीटर तक हो सकता है. कोटा बैराज के 16 गेट खोलकर 4 लाख 83 हजार क्यूसेक पानी की निकासी की गई है. इस पानी की निकासी से चंबल नदी का जल स्तर बढ़ गया है. इससे धौलपुर समेत इसके सरमथुरा, बाड़ी और राजाखेड़ा के 80 से अधिक गांवों में बाढ़ के हालात पैदा हो सकते हैं. जलस्तर बढ़ने से सरमथुरा के झिरी इलाके के 5 गांवों का रास्ता बंद हो गया है. अभी निचले इलाके में बसे करीब 40 घरों को खाली कराया गया है. निचले इलाके में बसे लोगों के लिए अलर्ट जारी किया गया है.

लोगों और पशुओं को सुरक्षित स्थल पर पहुंचाने के निर्देश
जिला कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को बाढ़ संभावित निचले क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखते हुए वहां रहने वाले निवासियों और पशुओं को तत्काल सुरक्षित स्थल तक पहुंचाने के निर्देश दिए हैं. इसके साथ ही उनकी भोजन और अन्य व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया है. बाढ़ की संभावना के मद्देनजर राहत एवं बचाव के लिए एक अतिरिक्त एसडीआरएफ टीम तैनात की जा रही है. उन्होंने सभी उपखंड अधिकारियों और विकास अधिकारियों को आपातकालीन स्थिति में राहत बचाव कार्य के लिए मय आवश्यक संसाधनों के तैयार रहने के निर्देश दिए हैं.

धौलपुर जिला कलेक्टर ने की ये अपील
इलाके के शिक्षकों, पटवारी, एएनएम, पुलिस कांस्टेबल, ग्राम विकास अधिकारी और सरपंच को 24 घंटे बाढ़ संभावित क्षेत्रों का दौर कर निगरानी रखने के लिए पाबंद किया गया है. जिला कलेक्टर ने अपील की है कि बाढ़ संबधी किसी भी घटना की सूचना तत्काल जिला बाढ़ नियंत्रण कक्ष के दूरभाष नंबर 05642- 220033 पर देंवें.



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